चुनाव में रूसी दखल के सवाल पर बचाव में दिखे जकरबर्ग, सुनवाई में स्नैक्स खाते रहे बेजोस, पिचई से पूछा-सूचनाएं चुराकर अपनी क्यों बताता है गूगल

टेक टाइटंस अमेजन, फेसबुक, गूगल और एपल के सीईओ अमेरिकी कांग्रेस में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से पेश हुए। ये ऑनलाइन मार्केट में ताकत का बेजा इस्तेमाल, कारोबारी प्रतिस्पर्धा खत्म करने के आरोपों पर सुनवाई का सामना कर रहे हैं।

4 घंटे से ज्यादा चली सुनवाई के दौरान दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति जेफ बेजोस स्नैक्स खाते रहे। दो घंटे तक वह सवाल टालते रहे। इसी तरह सांसदों के डेटा सिक्योरिटी को लेकर तीखे सवालों पर बाकी को भी जवाब नहीं सूझा। कमेटी की जांच में पाया गया कि ये कंपनियां विस्तार के लिए प्रतिस्पर्धियों को दबा रही हैं। सभी ने दलील दी कि उन्होंने कुछ भी गैरकानूनी नहीं किया है।

5 घंटे सुनवाई: कठघरे में 360 लाख करोड़ रु. की कंपनियों के अधिकारी, सांसदों के तीखे सवालों का नहीं सूझा सीधा जवाब

  • इंस्टाग्राम खरीदने संबंधी 8 साल पुराने ईमेल पर पैनल ने घेरा

फेसबुक सीईओ मार्क जकरबर्ग 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में रूस के प्रभाव के सवाल पर बचाव की मुद्रा में दिखे। डेटा चोरी और इंस्टाग्राम खरीदने संबंधी अपने 8 साल पुराने ईमेल पर भी वह घिरे। ईमेल में कहा गया था कि फेसबुक के लिए इंस्टाग्राम बहुत ही विध्वंसकारी हो सकता है। उन्होंने कहा, फेडरल ट्रेड कमीशन ने उस डील को अपनी स्वीकृति दी थी।

  • ‘प्राइवेसी-डेटा सिक्योरिटी पर यूजर्स के हाथों में कंट्रोल दिया’

दूसरी साइटों से आइडिया-सूचनाएं चुराकर उसे अपना बताने, फिर मोटा लाभ कमाने संबंधी सवाल पर सीईओ सुंदर पिचई ने कहा, ‘गूगल सरल तरीके से उपयोगी सूचनाएं लोगों तक पहुंचाता है। प्राइवेसी-सिक्योरिटी पर हमने यूजर्स के हाथों में पूरा कंट्रोल दिया है।’ एड कंपनी से डेटा लेने के सवाल पर पिचई बोले- यूजर्स के फायदे के लिए ज्यादा से ज्यादा डेटा कलेक्ट कर रहे हैं।

  • ‘स्मार्ट फोन बिजनेस में मार्केट शेयर हासिल करना गली की लड़ाई जैसा’

एपल प्ले स्टोर पर कंपनी के खुद के पूर्ण नियंत्रण संबंधी सवाल पर सीईओ टिम कुक ने कहा, ‘सॉफ्टवेयर मार्केट में बहुत कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। डेवलपर्स के सामने भी उतनी ही प्रतिस्पर्धा है जितनी कि कस्टमर्स के लिए। मैं इसे इस तरह से समझाना चाहूंगा कि स्मार्ट फोन के बिजनेस में मार्केट शेयर हासिल करना गली की लड़ाई जैसा हो गया है।’

  • ‘गारंटी नहीं दे सकता कि पॉलिसी का उल्लंघन नहीं हुआ होगा’

कांग्रेस में पहली बार पेश हुए बेजोस से प्राइसिंग, अधिग्रहण और थर्ड पार्टी सेलर्स के डेटा इस्तेमाल पर सवाल किए गए। इस पर उन्होंने कहा, ‘डेटा इस्तेमाल रोकने को पॉलिसी है, लेकिन मैं गारंटी नहीं दे सकता कि उसका उल्लंघन नहीं हुआ।’ ज्यादातर सवालों पर जवाब था, ‘मैं इसका उत्तर नहीं दे सकता है, मुझे वो वाकया याद नहीं।’ बेजोस ने बड़ी कंपनी की पैरवी की।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
फेसबुक सीईओ मार्क जकरबर्ग 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में रूस के प्रभाव के सवाल पर बचाव की मुद्रा में दिखे। डेटा चोरी और इंस्टाग्राम खरीदने संबंधी अपने 8 साल पुराने ईमेल पर भी वह घिरे। (फाइल फोटो)


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/33aedCF

https://ift.tt/2Dn47Dw

Comments

Popular posts from this blog

महात्मा गांधी की मूर्ति को नुकसान पहुंचाए जाने पर ट्रम्प ने कहा- यह अपमानजनक; कई अमेरिकी सांसद पहले भी माफी मांग चुके हैं

रूस में वैक्सीन 'स्पुतनिक वी' को पब्लिक में रिलीज किया गया, यहां 10 लाख से ज्यादा मामले; दुनिया में अब तक 2.74 करोड़ केस

दुबई एक्सपो:500 करोड़ रु. का भारतीय पवेलियन, पूरे भारत का दर्शन, भारतीय पवेलियन का 75% काम पूरा, जुलाई में पूरी तरह बनकर तैयार होगा